प्रेस विज्ञप्ति
जनपद भदोही
√मिशन शक्ति अभियान के तहत महिलाओं/बालिकाओं से सम्बन्धित अपराध में दोषी अभियुक्तों के विरुद्ध अधिकतम/त्वरित दण्डात्मक कार्यवाही हेतु चलाया जा रहा विशेष अभियान
√वैज्ञानिक विवेचना, अचूक साक्ष्य संकलन एवं पुलिस व लोक अभियोजक की प्रभावी पैरवी के फलस्वरुप दोषी को मिली सजा
√ अवयस्क बालिका को अपहरण कर दुष्कर्म जैसे जघन्य अपराध के दोषी अभियुक्त को मा0 न्यायालय द्वारा आजीवन कठोर कारावास सहित ₹2,25,000/- अर्थदंड से दंडित किया गया
थाना सुरियावां पर प्राप्त तहरीर आरोपी द्वारा अवयस्क बालिका को अपहरण कर दुष्कर्म की घटना के सम्बन्ध में पंजीकृत अभियोग मुकदमा अपराध संख्या-74/2017 धारा-363 366 376 363/120 बी, 366 120b 376 120 बी भा0द0वि0 ,5J(ii)/6 एवं 16/17 पॉक्सो एक्ट में स्थानीय पुलिस द्वारा वैज्ञानिक विवेचना, अचूक साक्ष्य संकलन एवं त्वरित विवेचनात्मक कार्यवाही के पश्चात आरोपी के विरुद्ध आरोप पत्र मा0 न्यायालय प्रेषित किया गया।
डॉ0 अनिल कुमार, पुलिस अधीक्षक भदोही के कुशल निर्देशन में महिला सम्बंधित अपराध में दोषी अभियुक्तों के विरुद्ध मा0 न्यायालय द्वारा अधिकतम/त्वरित दंडात्मक कार्यवाही हेतु स्थानीय पुलिस, मॉनिटरिंग सेल व विशेष लोक अभियोजक श्री कालेश्वर नाथ पांडे की प्रभावी पैरवी के फलस्वरुप आज दिनांक-05.09.2022 को उपरोक्त अभियोग में माननीय न्यायालय विशेष नयायाधीश पॉक्सो एक्ट अपर सत्र न्यायाधीश संख्या-01 जनपद भदोही द्वारा दोषसिद्ध अभियुक्त जुगनू उर्फ अजीम को मु0अ0सं0 74/2017 थाना सुरियावां जनपद भदोही के आरोप में अंतर्गत धारा 363 भा0द0वि0 के अपराध में 05 वर्ष के कठोर कारावास एवं ₹10000/-(दस हजार रुपये)धारा 366 भा0द0वि0 के अपराध में 07 वर्ष के कठोर कारावास एवं ₹15,000/-(पन्द्रह हजार रुपये) अर्थदण्ड से दण्डित किया गया।धारा 363 भा0द0वि0 के अपराध में अर्थदण्ड अदा न किये जाने की दशा में एक वर्ष छ: माह का अतिरिक्त साधारण कारावास तथा धारा 366 भा0द0वि0 के अन्तर्गत अर्थदण्ड अदा न किये जाने की दशा में उसे दो वर्ष का अतिरिक्त साधारण भुगतना होगा। अभियुक्त को धारा 5J(ii)/6 लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम 2012 के आरोप में आजीवन कारावास एवं 2,00,000/- (दो लाख रूपये) अर्थदण्ड से दण्डित किया गया। अर्थदण्ड अदा न करने की दशा में अभियुक्त को पाच वर्ष का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा। धारा 5J (ii) 6 लैगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम 2012 के अन्तर्गत अधिरोपित अर्थदण्ड की धनराशि पीड़िता को बतौर प्रतिकर प्रदान किया जाएगा।