TV 20 NEWS || AZAMGARH : शासन के निर्देशानुसार “संस्कृति उत्सव 2025-26” क़ो सकुशल कराया जाएगा आयोजित-जिलाधिकारी
आजमगढ़ 15 जनवरी– जिलाधिकारी श्री रविंद्र कुमार ने बताया है कि उत्तर प्रदेश की सांस्कृतिक परम्परा प्राचीन काल से ही धर्म, दर्शन, कला, साहित्य एवं संगीत के क्षेत्र में सम्पूर्ण विश्व में अग्रणी रही है। यहां की सांस्कृतिक विरासत में कला एवं संगीत के क्षेत्र में गायन, वादन, नृत्य एवं लोकनाट्य की विभिन्न शैलियों के प्रमुख गुरूओं, आचार्यों एवं कलाविदों की महती भूमिका रही है, जिन्होंने अपनी साधना से अनेक कीर्तिमान स्थापित कर देश का मान बढ़ाया है। उत्तर प्रदेश में शास्त्रीय एवं उप शास्त्रीय संगीत, लोक संगीत तथा लोक नाट्य की विभिन्न विधाओं की समृद्ध परम्पराओं से जुड़े हुये कलाकार अधिकांशतया परम्परागत संगीत घरानों से शिक्षा प्राप्त करते हैं।
उन्होंने कहा कि ग्रामीण अंचलों में प्रचलित लोक संगीत की परम्परा भी अत्यन्त समृद्ध है, जिसके संरक्षण, संवर्धन एवं इन विधाओं से जुड़े हुये कलाकारों को मंच प्रदान कर उन्हें प्रोत्साहित करने की अत्यन्त आवश्यकता है। उत्तर प्रदेश के ग्रामीण एवं शहरी दोनों क्षेत्रों में ऐसे कला साधकों की बहुतायत है, लेकिन पहचान के अभाव में वह अधिकांशतया नेपथ्य में हैं। यह महत्त्वपूर्ण है कि उनकी कला प्रतिभा को सामने लाया जाये और उनकी कला सामर्थ्य में विकास के उपक्रम जुटाये जाये, जिससे कि वह कला एवं संगीत की मुख्य धारा से जुड़कर प्रदेश एवं देश का मान बढ़ा सकें।
शास्त्रीय एवं लोक संगीत की उपर्युक्त पृष्ठभूमि में उत्तर प्रदेश के सभी अंचलों में ऐसे कलाकारों की पहचान कर उन्हें उनकी योग्यतानुसार मंच प्रदान कर उन्हें प्रोत्साहित एवं समृद्ध करने के उद्देश्य से ही संस्कृति विभाग, उ० प्र० द्वारा “उत्तर प्रदेश पर्व- हमारी संस्कृतिः हमारी पहचान” के अन्तर्गत ‘ संस्कृति उत्सव’ की शुरूआत की गई है।
संस्कृति उत्सव 2025-26 को सकुशल संपन्न कराने के लिए जनपद स्तर पर समिति का गठन किया गया है, जिसमें जिलाधिकारी अध्यक्ष, मुख्य विकास अधिकारी उपाध्यक्ष, जिला पंचायत राज अधिकारी, जिला विद्यालय निरीक्षक एवं सहायक निदेशक सूचना सदस्य, तथा सचिव जिला पर्यटन एवं संस्कृति परिषद सदस्य-सचिव नामित है।
विगत वर्ष की भांति इस वर्ष भी संस्कृति उत्सव 2025-26 का आयोजन किया जा रहा है। जिसके अंतर्गत दिनांक 10 जनवरी से 15 जनवरी 2026 तक गांव, पंचायत, ब्लाक एवं तहसील स्तर के कलाकारों की प्रतियोगिता कराते हुए जनपद स्तर पर चयनित कलाकारों की प्रतियोगिता का आयोजन जनपद मुख्यालय पर कराया गया। दिनांक 17 से 19 जनवरी 2026 तक जनपद स्तर के चयनित कलाकारों की प्रतियोगिता मंडलीय मुख्यालय पर, 22 जनवरी 2026 को मण्डल स्तर के चयनित कलाकारों की प्रतियोगिता प्रदेश की राजधानी मुख्यालय लखनऊ मे, 23 जनवरी 2026 को लखनऊ में सम्पन्न प्रतियोगिता के विजयी प्रतिभागियों का ‘उत्तर प्रदेश पर्व’ में प्रतिभाग हेतु पूर्वाभ्यास कराया जाएगा। 24 जनवरी से 26 जनवरी क़ो लखनऊ मे ‘उत्तर प्रदेश पर्व’ के अवसर पर अंतिम रूप से चयनित सभी प्रतिभागियों की प्रस्तुतियां, सम्मान एवं पुरस्कार दिया जाएगा।
जिलाधिकारी ने कहा कि उत्तर प्रदेश पर्व हमारी संस्कृति-हमारी पहचान के अंतर्गत् ‘संस्कृति उत्सव 2025-26’ मनाये जाने हेतु दिशा-निर्देश/गाइडलाइन दिए गए हैं, जिसके अंतर्गत सार्वभौमिक सहभागिता एवं प्रतियोगिता में अधिकतम सहभागिता हेतु विभिन्न स्तरों पर शासकीय / अर्द्धशासकीय विभागों, शैक्षणिक संस्थानों स्वशासी निकायों स्वैच्छिक संस्थाओं, नेहरू युवा केन्द्र, नेशनल कैडेट कोर, सांस्कृतिक क्षेत्र में सक्रिय व्यापारिक प्रतिष्ठान तथा सामाजिक कार्यकर्ताओं आदि का सहयोग प्राप्त किया जाएगा। ‘संस्कृति उत्सव 2025-26’ का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया है कार्यक्रमों की विस्तृत तैयारी, प्रभावी पर्यवेक्षण एवं निर्वाध संचालन हेतु वरिष्ठ अधिकारियो व विशेषज्ञों के नेतृत्व में प्लानिंग, समन्वय, आयोजन, वित्त, विनियम, पंजीकरण एवं मीडिया, कार्यक्रम स्थल निर्धारण, कार्यक्रम स्थल व्यवस्था, अवार्ड व सर्टिफिकेट, जनसहभागिता आदि विभिन्न समितियों का गठन कर उनके दायित्वों का निर्धारण किया जाए। इन समितियों द्वारा आवश्यकतानुसार उपसमितियां गठित कर समय-समय पर बैठकें आयोजित कर, स्थलीय निरीक्षण कर अपने-अपने कार्य सुनियोजित रूप से संपन्न किये जायेंगे।
जिलाधिकारी ने कहा कि उत्तर प्रदेश में संगीत की समृद्ध परंपरा रही है। गायन, वादन, नृत्य और नाट्य की समस्त विधाओं में उ०प्र० के पारंगत कलाकारों ने देश और दुनिया में भारतीय संगीत को उच्च स्थान दिलाया है । उ०प्र० के नवागत कलाकारों और समस्त विधाओं के संरक्षण एवं प्रचार- प्रसार हेतु भारत पर्व हमारी संस्कृति हमारी पहचान संस्कृति उत्सव 2025-26 का आयोजन 10 जनवरी, 2026 से 22 जनवरी, 2026 तक किया जा रहा है। हमारी संस्कृति हमारी पहचान – “संस्कृति उत्सव 2025-26” का समापन समारोह उत्तर प्रदेश दिवस के अवसर पर 24 जनवरी 2026 को लखनऊ में किया जायेगा, जिसमे विजेता प्रतिभागियों को मेडल, प्रमाण पत्र एवं स्मृति चिन्ह प्रदान कर पुरस्कृत किया जायेगा। भारतीय संगीत की समृद्ध विरासत को संरक्षित करने एवं भावी पीढ़ी को हस्तांतरित करने हेतु ऐसे आयोजनों को किया जाना महत्वपूर्ण होगा।





