TV 20 NEWS || BALLIA: जनपद बलिया डायल 112 पुलिस टीम द्वारा नुक्कड़ नाटक के माध्यम से लोगों को किया गया जागरुक ।
डायल 112 पुलिस टीम के नेतृत्व में थाना कोतवाली, हल्दी, बैरिया थाना क्षेत्रान्तर्गत भिन्न-भिन्न स्थानों पर नुक्कड़ नाटक कर लोगो को किया गया जागरूक ।
श्रीमान् पुलिस अधीक्षक बलिया श्री ओमवीर सिंह महोदय के निर्देशन में आमजनमानस को कानून/नियमों एवं सरकार की योजनाओं के बारे में जागरूक करने हेतु चलाए जा रहे अभियान के क्रम में श्रीमान् अपर पुलिस अधीक्षक दक्षिणी श्री कृपा शंकर के सफल पर्यवेक्षण में डायल 112 मुख्यालय लखनऊ निरीक्षक श्री अमित कुमार शुक्ला एवं प्रभारी-112 श्री निजात जमां खॉ के नेतृत्व में पुलिस टीम द्वारा जागरूकता अभियान चालाया जा रहा है ।
इसी क्रम में आज दिनांक 02.01.2026 को डायल 112 मुख्यालय लखनऊ निरीक्षक अमित कुमार शुक्ला के नेतृत्व में नुक्कड़ नाटक के माध्यम से जागरुकता कार्यक्रम के अन्तर्गत बताया गया कि-
महिला एस्कॉर्ट सेवा-
रात्रि में महिलाएं कोई परिवहन/साधन न मिलने पर यूपी 112 से मदद ले सकती हैं। रात 10 बजे से लेकर सुबह 6 बजे तक कोई भी अकेली महिला यूपी 112 की रात्रि महिला एस्कॉर्ट सेवा का लाभ उठा सकती हैं। एस्कॉर्ट टीम महिला को उसके गंतव्य तक सुरक्षित पहुंचाएगी। इसके लिए, महिला को यूपी 112 पर सम्पर्क करना होगा।
मिशन शक्ति के तहत जागरुकता-
नुक्कड़ नाटक के माध्यम से टीम द्वारा महिलाओं/बालिकाओं को गुड टच-बैड टच एवं उनके अधिकारों, कल्याणकारी योजनाओं और सुरक्षा संसाधनों के प्रति जागरूक किया। तथा छात्राओं/बालिकाओं को बताया गया कि किसी भी व्यक्ति द्वारा चाहे वह कोई परिचित हो अथवा अपरिचित के द्वारा छूने पर बालिका असहज/अप्रिय स्थिति प्रतीत हो तो तत्काल उस स्थान से हटकर अपने अपने अभिभावक, अध्यापिका अथवा पुलिस को अवश्य जानकारी दें एवं डायल 112 पर कॉल करें।
दुर्घटना से बचाव/यातायात के नियम-
प्रायः यह देखा जाता है कि पढ़ने वाले स्कूली बच्चे एक साथ सड़का एक दूसरे के पैरलल साईकिल सड़क पर चलाते हैं या पैदल भी एक साथ एक दूसरे के अगल-बगल होकर चलते हैं जिससे लगभग वे आधी सड़क को कवर कर लेते हैं इस बात का विशेष ध्यान रखना है, कभी एक एक दूसरे के अगल बगल साथ होकर नही चलना है और ना ही साईकिल चलानी है , हमेशा अपनी बाई तरफ आगे -पीछे चलना है और साइकिल चलानी है । कभी भी सड़क पार करते समय सड़क के दोनो तरफ देखकर धीरे-धीरे आराम से सड़क पार करनी है । इस सब बातों के साथ साथ यातायात प्रभारी विश्वदीप सिंह द्वारा छात्रो को विस्तृत रूप से जानकारी देकर जागरूक किया गया जो निम्नवत है-
यदि सड़क पर चलनें वाला प्रत्येक वाहन चालक यातायात के नियमों का पालन करे तो प्रतिदिन होनें वाली दुर्घटनाओं से स्वयं और दूसरों के जीवन को सुरक्षित रखने में अपना महत्वपूर्ण योगदान दे सकता है। यहाँ हम आपको कुछ महत्वपूर्ण यातायात के नियमों के बारें में जानकारी दे रहे है, जो इस प्रकार है-
वाहन पार्किंग पर विशेष ध्यान रखे
प्रत्येक वाहन चालक को अपनें वाहन को पार्किंग करते समय उसका विशेष रुप से ध्यान रखना चाहिए, चाहे आप बहुत ही कम समय के लिए पार्किंग कर रहे हो | व्यवस्थित स्थान पर पार्किंग करनें दुसरे वाहन चालक को असुविधा नहीं होगी इसके साथ ही आपका वाहन भी सुरक्षित रहेगा |
ओवरटेक (Overtake) करने से बचे-
अक्सर लोग अपने से आगे चल रहे वाहन को देखते ही उसे ओवरटेक करनें का प्रयास करते है, ओवरटेक करनें के चक्कर में दोनों वाहन कुछ समय के लिए एक साथ सड़क पर चलते है जिससे दुर्घटना होनें की संभावना बढ़ जाती है | ऐसे में आप अपनें साथ-साथ कई अन्य लोगो के जीवन को खतरे में डाल देते है, इसलिए सदेव ओवरटेक करने से बचे |
अपनी लेन (Lane) के अनुसार ही वाहन चलायें
चालक को हमेशा सही लेन का प्रयोग करके वाहन को चलाना चाहिए, आप प्रारंभ से जिस दिशा के लेन पर चल रहे है अपनी यात्रा की समाप्ति तक उसी लेन पर चलना चाहिए | यदि शीघ्रता की वजह से आप लेन बदलते है तो सड़क पर चलनें वाले अन्य वाहन प्रभावित होंगे साथ ही ऐसा करनें से दुर्घटना भी हो सकती है |
निरंतर हॉर्न (Horn Use) का प्रयोग करनें से बचे
कई वाहन चालक वाहन चलते समय लगातार हॉर्न बजाते है, ऐसा करनें से अन्य चालकों पर दबाव बननें के साथ ही उनका ध्यान भंग हो जाता है | ऐसा करनें से आप यातायात के नियमों को तोड़नें के साथ-साथ दुर्घटना की संभावनाओं को भी बढ़ाते है, इसलिए निरंतर हॉर्न का प्रयोग करनें से बचे |
एक तरफा रोड के नियम का पालन करें
यदि आप एक तरफा रोड पर वाहन चला रहे है, तो आपको अपना वाहन निरंतर रूप से चलते रहना चाहिए ना कि इधर-उधर से निकलनें कि कोशिश करनी चाहिए क्योंकि ऐसे रोड बस कुछ ही दूरी के लिए बनाए गए होते हैं, जो हमारी सुविधा के लिए ही होते हैं |
हाथ सिग्नल का उपयोग करे
यदि आपके वाहन का इंडिकेटर सही नहीं है या सड़क पर भीड़ अधिक है तो आप टर्न लेने के लिए हाथ सिग्नल का उपयोग कर सकते है | ऐसा करनें से आपके पीछे चलनें वाले वाहन चालक को सही संकेत मिलेगा और वह सुरक्षित तरीके से ड्राइविंग कर सकेगा |
वाहन की गति पर प्रतिबंध
अधिकांशतः चालक अच्छी सड़क मिलने पर वह अपनें वाहन की रफ़्तार को बढ़ा देते है, परन्तु कुछ वाहन चालक शहर में भी अपने वाहन की गति कम नहीं करते, जिससे वह अपनें साथ-साथ दूसरों की जान भी जोखिम में डाल देते है | इसीलिए वाहन चलाते समय अपने वाहन की रफ्तार को यातायात के नियम के अनुसार ही रखें |
दुर्घटना होने पर आमजन के कर्तव्य-
प्रायः यह देखा जाता है कि दुर्घटना होने पर लोगों द्वारा वीडियो बनाया जाने लगता है, लेकिन ऐसा नही करना चाहिए, , सड़क – दुर्घटना के एक घंटे के गोल्डन आवर (Golden Hour) के अंदर घायल के अस्पताल पहुँच जाने पर उसकी जान बच जाने का उदाहरण देते हुए बताया गया कि लोगों को तुरन्त किसी नजदीकी अस्पताल में ले जाने पर पीड़ित की जान बचाई जा सकती है, एवं 108 व 112 डायल कर सूचना देनी चाहिए।
विभिन्न नंबरों/योजनाओं की जानकारी-
नुक्कड़ नाटक के माध्यम से टीम द्वारा-
👉 वीमेन पावर लाइन – 1090
👉 महिला हेल्पलाइन – 181
👉 पुलिस आपात सेवा – 112
👉 सीएम हेल्पलाइन – 1076
👉 स्वास्थ्य सेवा – 102
👉 एम्बुलेंस – 108
👉 साइबर हेल्पलाइन – 1930
महिला सशक्तिकरण से जुड़ी प्रमुख योजनाओं की जानकारी दी गई
👉 मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना
👉 निराश्रित महिला पेंशन योजना
👉 राष्ट्रीय पोषण मिशन
👉 मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना
👉 बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ योजना
👉 प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना
👉 आयुष्मान भारत योजना
उ0-प्र0 सरकार की कुल 24 सेवाओं के बारे में बताकर जागरुक किया गया। तथा-
साइबर फ्राड के बारे में जागरुक-
नुक्कड़ नाटक के माध्यम से टीम द्वारा बताया गया कि साइबर अपराधों के प्रति सजग एवं सावधान रहें, परंतु फिर भी अपराध हो जाए तो साइबर फ्रॉड हो जाने पर शीघ्रतम 1930 साइबर हेल्पलाइन पर या वेबसाईट: cyber crime.gov.in पर सूचना दर्ज कराएं| इससे फ्रॉड धनराशि को अपराधी के अकाउंट में जाने से रोका जा सकेगा, और पैसा बैंकिंग सिस्टम में ही बना रहेगा| इसलिए बिना समय नष्ट किए अपराध कि सूचना वेबसाईट या हेल्पलाइन में दिए जाने की जागरूकता का प्रचार प्रसार किया जाए और साइबर थानों एवं सेल द्वारा तत्काल कार्यवाही की जाय| इस हेतु 1930 हेल्प लाइन कि क्षमता भी बढ़ाई जा रही है| पैसे को बैंकिंग सिस्टम में तत्काल रोकने हेतु बैंक, पेमेंट गेटवे, पुलिस, हेल्पलाइन 1930 आदि का संयुक्त Cyber Fraud Mitigation Centre (CFMC) का गठन Indian Cyber Crime Co-ordination Centre (I4C) द्वारा राष्ट्रीय स्तर पर किया गया है|
उपरोक्त कार्यक्रम के नुक्कड़ नाटक देखने के लिए भारी संख्या में भीड़ देखी गयी ।
सोशल मीडिया सेल
बलिया पुलिस





