*TV 20 NEWS || AZAMGARH:विदेशी साइबर अपराधियों को बैंक खाता उपलब्ध कराने वाला अभियुक्त गिरफ्तार, मोबाइल फोन, 03 एटीएम कार्ड एवं ₹2,020 नगद बरामद*

*साइबर सेल, जनपद आजमगढ़*

*विदेशी साइबर अपराधियों को बैंक खाता उपलब्ध कराने वाला अभियुक्त गिरफ्तार, मोबाइल फोन, 03 एटीएम कार्ड एवं ₹2,020 नगद बरामद*

*टेलीग्राम के माध्यम से साइबर अपराधियों के संपर्क में आकर लालच में दिया था अपना बैंक खाता, साइबर ठगी की धनराशि निकालकर दूसरे खातों में करता था ट्रांसफर*

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आजमगढ़ डॉ. अनिल कुमार द्वारा जनपद में साइबर अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान *”साइबर ठगी के जड़ में वार”* के क्रम में, अपर पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) श्री चिराग जैन, अपर पुलिस अधीक्षक (यातायात) पंकज श्रीवास्तव एवं क्षेत्राधिकारी नगर के कुशल निर्देशन तथा प्रभारी साइबर सेल उ0नि0 रवि प्रकाश गौतम के नेतृत्व में साइबर सेल पुलिस टीम द्वारा साइबर अपराधियों को बैंक खाता उपलब्ध कराने वाले एक अभियुक्त को गिरफ्तार किया गया।
दिनांक 09.07.2026 को साइबर सेल प्रभारी उ0नि0 रवि प्रकाश गौतम मय पुलिस टीम पर प्राप्त संदिग्ध एटीएम आईडी एवं एनसीआरपी शिकायत संख्या 31504260009960 की जांच कर रहे थे। जांच के दौरान संदिग्ध बैंक खाता संख्या 921010027302472 के खाताधारक यशवीर सिंह को पूछताछ हेतु साइबर सेल बुलाया गया। पूछताछ में प्राप्त तथ्यों एवं उपलब्ध डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर अभियुक्त को गिरफ्तार कर लिया गया।

*गिरफ्तार अभियुक्त का विवरण-*
यशवीर सिंह पुत्र विजेन्द्र सिंह, निवासी ग्राम कड़सारी गौतम, पोस्ट निरंजनपुर, जनपद बस्ती, उम्र लगभग 24 वर्ष।
*बरामदगी-*
• 01 अदद आईफोन-16 (काला रंग)
• 03 अदद एटीएम कार्ड (एचडीएफसी, एयरटेल पेमेंट बैंक एवं एसबीआई)
• ₹2,020 नगद (साइबर ठगी से संबंधित धनराशि)

*पूछताछ में महत्वपूर्ण तथ्य-*
पूछताछ में अभियुक्त ने स्वीकार किया कि उसका संपर्क टेलीग्राम के माध्यम से साइबर अपराधियों से हुआ था। उन्होंने अधिक धन कमाने का लालच देकर उससे उसका बैंक खाता प्राप्त किया। साइबर ठगी से प्राप्त धनराशि उसके खाते में भेजी जाती थी, जिसे वह एटीएम से निकालकर कमीशन रखने के बाद शेष धनराशि साइबर अपराधियों द्वारा बताए गए अन्य खातों में सीडीएम मशीन के माध्यम से जमा कर देता था। बाद में बैंक द्वारा खाता होल्ड किए जाने पर उसका साइबर अपराधियों से संपर्क समाप्त हो गया।
जांच में बरामद नगद धनराशि के संबंध में अभियुक्त ने स्वीकार किया कि यह साइबर ठगी से प्राप्त रकम का शेष भाग है। पुलिस द्वारा अभियुक्त के मोबाइल, बैंक खातों, डिजिटल साक्ष्यों तथा अन्य संभावित साइबर अपराधियों के नेटवर्क के संबंध में विस्तृत जांच की जा रही है।
अभियुक्त के विरुद्ध थाना साइबर क्राइम पर धारा 317(2), 318(4), 319(2) बीएनएस एवं 66D आईटी एक्ट के अंतर्गत अभियोग पंजीकृत कर आवश्यक विधिक कार्रवाई की गई।
*गिरफ्तारी करने वाली टीम-*
1. उ0नि0 रवि प्रकाश गौतम, प्रभारी साइबर सेल, जनपद आजमगढ़
2. हे0का0 ओमप्रकाश जायसवाल, साइबर सेल, जनपद आजमगढ़
*जनपद पुलिस आमजन से अपील करती है* कि किसी भी व्यक्ति के कहने पर अपना बैंक खाता, एटीएम कार्ड, चेकबुक, ओटीपी अथवा इंटरनेट बैंकिंग की जानकारी किसी को उपलब्ध न कराएं। किसी भी प्रकार के लालच में आकर अपना बैंक खाता साइबर अपराधियों को उपलब्ध कराना भी दंडनीय अपराध है। किसी भी प्रकार की साइबर धोखाधड़ी होने पर तत्काल साइबर हेल्पलाइन 1930 अथवा राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं।