*TV 20 NEWS || LUCKNOW:ग्रामीण युवाओं को नौकरी तलाशने वाला’ नहीं, बल्कि ‘रोजगार देने वाला बनाना सरकार का संकल्प: केशव प्रसाद मौर्य।*

प्रेस विज्ञप्ति-3

• *ग्रामीण युवाओं को नौकरी तलाशने वाला’ नहीं, बल्कि ‘रोजगार देने वाला बनाना सरकार का संकल्प: केशव प्रसाद मौर्य।*
• *उत्तर प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों में उद्यमिता को लगेंगे पंख; उपमुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य ने स्टार्टअप विलेज एंटरप्रेन्योरशिप कार्यक्रम हेतु ₹10 करोड़ की वित्तीय स्वीकृति प्रदान की*
• *स्थानीय स्तर पर थमेगा पलायन, ग्रामीण महिलाओं और स्वयं सहायता समूहों (SHGs) को मिलेगा सीधा लाभ।*

लखनऊ, दिनांक 13 जून 2026, उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री एवं ग्राम्य विकास मंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य ने प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों में स्वरोजगार, उद्यमिता एवं आर्थिक सशक्तिकरण को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए दीनदयाल अंत्योदय योजना-राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (DAY-NRLM) के अंतर्गत संचालित स्टार्टअप विलेज एंटरप्रेन्योरशिप कार्यक्रम (SVEP) के लिए वित्तीय वर्ष वित्तीय वर्ष 2026-27 में कार्यक्रम के संचालन हेतु भारत सरकार द्वारा जारी मदर सैंक्शन के अंतर्गत ₹6 करोड़ (600 लाख रुपये) तथा राज्यांश के रूप में ₹4 करोड़ (400 लाख रुपये) सहित कुल *₹10 करोड़ की धनराशि स्‍वीक़ति* प्रदान की गयी। वित्त विभाग द्वारा आवश्यक परीक्षण एवं निर्धारित शर्तों के अधीन वित्तीय स्वीकृति प्रदान किए जाने के उपरांत उपमुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य ने योजना के क्रियान्वयन को मंजूरी प्रदान की है।

*आत्मनिर्भर भारत और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मिलेगी गति*
यह कार्यक्रम भारत सरकार की महत्वाकांक्षी योजना दीनदयाल अंत्योदय योजना-राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (DAY-NRLM) का एक अत्यंत महत्वपूर्ण उप-घटक है। इसका मुख्य उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में नए छोटे और मध्यम उद्योगों की स्थापना करना है। इस योजना के तहत:
• ग्रामीण उद्यमियों को व्यवसाय शुरू करने के लिए शुरुआती पूंजी (Seed Capital) दी जाएगी।
• उन्हें आधुनिक तकनीकी सहायता, कौशल विकास और पेशेवर प्रशिक्षण उपलब्ध कराया जाएगा।
• कुशल विशेषज्ञों के माध्यम से व्यावसायिक मार्गदर्शन (Mentorship) प्रदान किया जाएगा ताकि उनके उद्योग बाजार में टिक सकें।
• इससे मुख्य रूप से ग्रामीण युवाओं, महिलाओं और स्वयं सहायता समूहों (SHGs) से जुड़े लोगों को सीधे लाभ पहुंचेगा।

श्री मौर्य ने कहा कि प्रदेश सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार सृजन, कौशल विकास तथा उद्यमिता को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है। यह कार्यक्रम ग्रामीण युवाओं को नौकरी तलाशने वाला नहीं बल्कि रोजगार उपलब्ध कराने वाला बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। इससे स्थानीय स्तर पर आर्थिक गतिविधियों में वृद्धि होगी, पलायन में कमी आएगी तथा ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई गति मिलेगी।

उपमुख्यमंत्री ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि योजना का क्रियान्वयन पारदर्शिता एवं गुणवत्ता के साथ सुनिश्चित किया जाए, ताकि निर्धारित लक्ष्यों की प्राप्ति करते हुए अधिक से अधिक पात्र लाभार्थियों को इसका लाभ मिल सके। उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता ग्रामीण विकास को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाना और गांवों को आत्मनिर्भर एवं समृद्ध बनाना है।

*उत्तर प्रदेश बनेगा अग्रणी राज्य*
उपमुख्यमंत्री ने अटूट विश्वास व्यक्त करते हुए कहा कि इस वित्तीय सहायता और रणनीतिक योजना के माध्यम से प्रदेश के हजारों ग्रामीण परिवारों की आय में गुणात्मक वृद्धि होगी। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश आने वाले समय में ग्रामीण उद्यमिता (Rural Entrepreneurship) के क्षेत्र में देश का रोल मॉडल और अग्रणी राज्य बनकर उभरेगा।