*TV 20 NEWS || AZAMGARH:पीड़ितों से हड़पे गए व अपराध से अर्जित धन-सम्पत्ति के पुनर्वितरण का अस्त्र है धारा 107, अपराधियों, गैंगस्टरों एवं भूमाफियाओं का काल है धारा 107″ : धारा 107 बीएनएसएस के अंतर्गत अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई*
*प्रेस-विज्ञप्ति*
*दिनांक : 11.07.2026*
*थाना कोतवाली, जनपद आजमगढ़*
*🔹 “पीड़ितों से हड़पे गए व अपराध से अर्जित धन-सम्पत्ति के पुनर्वितरण का अस्त्र है धारा 107, अपराधियों, गैंगस्टरों एवं भूमाफियाओं का काल है धारा 107” : धारा 107 बीएनएसएस के अंतर्गत अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई।*
*🔹 गैंगलीडर, गैंगस्टर, भूमाफिया, हिस्ट्रीशीटर एवं कुख्यात अपराधी कृष्णचन्द्र राय उर्फ के.सी. राय की अपराध से अर्जित गगनचुम्बी इमारत की कुर्की का आदेश पारित, अनुमानित बाजारी कीमत करीब ₹10,00,00,000 (दस करोड़ रुपये)।*
*🔹 फर्जी खतौनी के माध्यम से जमीन के नाम पर ठगी कर अर्जित अवैध धन से निर्मित गगनचुम्बी इमारत पर प्रशासन की चौतरफा डबल कार्रवाई।*
*🔹 प्रशासनिक आधार पर अम्बेडकरनगर कारागार स्थानांतरित किए जा चुके जेल में निरुद्ध गैंगस्टर पर एक और बड़ा प्रहार, अपराध से अर्जित सम्पत्ति पर प्रशासन का शिकंजा।*
*🔹 माननीय न्यायालय ने माना कि अभियुक्त ने अपराध से अर्जित अवैध धन से ठगी का साम्राज्य खड़ा किया तथा उसका लगातार विस्तार किया। भवन निर्माण एवं ऋण अदायगी हेतु कोई वैध आय का स्रोत नहीं पाया गया।*
*घटना का पूर्व इतिहास-*
थाना कोतवाली पर पंजीकृत *मु0अ0सं0 92/2026* धारा *319(2)/318(4)/336(3)/338/340(2)/61(2)/352/351(3)/111(7) बीएनएस* की विवेचना के दौरान यह तथ्य प्रकाश में आया कि *गैंगलीडर, गैंगस्टर, भूमाफिया, हिस्ट्रीशीटर एवं कुख्यात अपराधी कृष्णचन्द्र राय उर्फ के.सी. राय* द्वारा आपराधिक न्यासभंग, छल, कपट, कूटरचना, गैंगस्टर गतिविधियों, फर्जी खतौनी के माध्यम से जमीन के नाम पर ठगी एवं अन्य संगठित अपराधों से अर्जित अवैध धन से ग्राम कोडर अजमतपुर में वर्ष 2012 से भूमि क्रय कर एक गगनचुम्बी इमारत का निर्माण कराया गया तथा समय-समय पर उसका पुनर्निर्माण एवं रिनोवेशन कराया गया।
विवेचना के दौरान यह भी प्रकाश में आया कि उक्त *गगनचुम्बी इमारत* अपराधियों एवं गैंग के सदस्यों के जमावड़े तथा विभिन्न आपराधिक गतिविधियों की योजना बनाने का प्रमुख केंद्र रही है। इमारत के निर्माण, पुनर्निर्माण एवं मरम्मत पर किया गया व्यय भी अपराध से अर्जित अवैध धन से किया गया।
राजस्व विभाग द्वारा भूमि का चिन्हांकन एवं मूल्यांकन तथा लोक निर्माण विभाग द्वारा भवन का तकनीकी मूल्यांकन कराए जाने पर उक्त अचल सम्पत्ति की *अनुमानित बाजारी कीमत करीब ₹10,00,00,000 (दस करोड़ रुपये)* आंकी गई।
*अंततः पुलिस की प्रभावी विवेचना एवं प्रभारी पैरवी के आधार पर माननीय न्यायालय ने भी यह माना कि अभियुक्त ने अपराध से अर्जित अवैध धन के बल पर ठगी का साम्राज्य खड़ा कर दिया तथा उसका लगातार विस्तार कर रहा था। न्यायालय के आदेश के अनुसार अभियुक्त के पास भवन निर्माण के लिए कोई वैध आय का स्रोत नहीं है तथा भवन निर्माण हेतु लिए गए ऋण की किश्तों का भुगतान करने के लिए भी कोई वैध आय का स्रोत उपलब्ध नहीं है।*
*अपराध करता गया व 2012 से अपराध के धन से अगल बगल की जमीन हड़प कर उसपर मकान को बनाता गया , कुल 5 गाटा संख्या में फैला है अपराध का साम्राज्य ।*
उक्त तथ्यों के आधार पर *माननीय मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट श्री सत्यबीर सिंह* द्वारा *धारा 107 बीएनएसएस* के अंतर्गत उक्त सम्पत्ति को *कुर्क किए जाने का आदेश* पारित किया गया है तथा तहसीलदार को सम्पत्ति का प्रशासक नियुक्त किया गया है।
*उल्लेखनीय है कि अभियुक्त कृष्णचन्द्र राय उर्फ के.सी. राय वर्तमान में जेल में निरुद्ध है तथा पूर्व में प्रशासनिक आधार पर उसे अम्बेडकरनगर कारागार स्थानांतरित किया जा चुका है।*
*कृत कार्यवाही-*
*वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आजमगढ़ डॉ. अनिल कुमार* के निर्देशन में संगठित अपराध, गैंगस्टरों, भूमाफियाओं एवं अपराध से अर्जित अवैध सम्पत्तियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के क्रम में अपर *पुलिस अधीक्षक नगर श्री मधुवन कुमार सिंह* के पर्यवेक्षण तथा *क्षेत्राधिकारी नगर श्री शुभम तोदी* की उपस्थिति में थाना कोतवाली पुलिस एवं राजस्व विभाग द्वारा *गैंगलीडर, गैंगस्टर, भूमाफिया, हिस्ट्रीशीटर एवं कुख्यात अपराधी कृष्णचन्द्र राय उर्फ के.सी. राय पुत्र सुखसागर राय, निवासी मुहम्मदपुर फेटी थाना बरदह, जनपद आजमगढ़ (हाल पता- मोहल्ला कोडर अजमतपुर, थाना कोतवाली, जनपद आजमगढ़), उम्र लगभग 49 वर्ष, हिस्ट्रीशीटर (HS No. 15B), जो वर्तमान में जेल में निरुद्ध है तथा पूर्व में प्रशासनिक आधार पर अम्बेडकरनगर कारागार स्थानांतरित किया जा चुका है,* की अपराध से अर्जित *करीब ₹10 करोड़ रुपये मूल्य की गगनचुम्बी अचल सम्पत्ति* के संबंध में *धारा 107 बीएनएसएस* के अंतर्गत *कुर्की का आदेश प्राप्त* किया गया है।
*आपराधिक इतिहास-*
1. मु0अ0सं0 855/2011, धारा 419/420/467/468/471 भादवि, थाना कप्तानगंज।
2. मु0अ0सं0 1672/2011, धारा 342/395/397/506 भादवि, थाना कोतवाली।
3. मु0अ0सं0 158/2018, धारा 406/504/506 भादवि, थाना कंधरापुर।
4. मु0अ0सं0 159/2018, धारा 419/420/467/468/471 भादवि, थाना कंधरापुर।
5. मु0अ0सं0 95/2019, धारा 120-बी/506 भादवि, थाना कंधरापुर।
6. मु0अ0सं0 98/2021, धारा 323/419/420/467/468/471/506 भादवि, थाना बरदह।
7. मु0अ0सं0 353/2022, धारा 406/506 भादवि, थाना कोतवाली।
8. मु0अ0सं0 191/2023, धारा 120-बी/406/419/420/427 भादवि, थाना सिधारी।
9. मु0अ0सं0 581/2023, धारा 323/504/506 भादवि एवं 3(1)(द)/3(1)(ध)/3(2)(5) एससी/एसटी अधिनियम, थाना कोतवाली।
10. मु0अ0सं0 07/2024, धारा 323/325/34/342/427/506 भादवि, थाना कंधरापुर।
11. मु0अ0सं0 87/2025, धारा 419/420/467/468/471/364/120-बी भादवि, थाना जीयनपुर।
12. मु0अ0सं0 148/2025, धारा 406/419/420/506 भादवि, थाना कंधरापुर।
13. मु0अ0सं0 92/2026, धारा 319(2)/318(4)/336(3)/338/340(2)/61(2)/352/351(3)/111(7) बीएनएस, थाना कोतवाली।
14. मु0अ0सं0 344/2025, धारा 3(1), 2(1)(बी) गैंगस्टर्स एक्ट, थाना जीयनपुर।
15. मु0अ0सं0 154/2025, धारा 406/420/504/506 भादवि, थाना बिलरियागंज।
16. मु0अ0सं0 153/2026, धारा 419/420/467/468/471/504/506 भादवि, थाना कोतवाली।
*जनपद आजमगढ़ पुलिस का संदेश-*
जनपद आजमगढ़ पुलिस द्वारा संगठित अपराध, गैंगस्टरों, भूमाफियाओं एवं अपराध से अर्जित अवैध सम्पत्तियों के विरुद्ध कठोर एवं निरंतर कार्रवाई की जा रही है। अपराध से अर्जित अवैध सम्पत्तियों के विरुद्ध विधिक कार्रवाई कर अपराधियों के आर्थिक तंत्र को ध्वस्त किया जा रहा है। जनपद में संगठित अपराध के विरुद्ध *”जीरो टॉलरेंस”* की नीति के तहत भविष्य में भी ऐसी प्रभावी एवं कठोर कार्रवाई निरंतर जारी रहेगी।






