*TV 20 NEWS || LUCKNOW:उप मुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य के निर्देशन में उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन ने रचा नया इतिहास*
प्रेस विज्ञप्ति
• उप मुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य के निर्देशन में उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन ने रचा नया इतिहास
• ₹3,562 करोड़ से अधिक का विद्युत बिल संग्रह विद्युत सखियों ने बनाया नया कीर्तिमान, हजारों दीदियां बनीं लखपति
लखनऊ, 26 अगस्त, 2026। मा0 उप मुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य जी के नेतृत्व एवं निर्देशन में उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन (UPSRLM) महिला सशक्तिकरण और ग्रामीण आत्मनिर्भरता का सशक्त मॉडल बनकर उभर रहा है। स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी ग्रामीण महिलाओं को आजीविका के नए अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में संचालित विद्युत सखी अभियान ने विद्युत बिल संग्रह के क्षेत्र में अभूतपूर्व उपलब्धियां हासिल की हैं। यह पहल महिलाओं को सम्मानजनक रोजगार और नियमित आय उपलब्ध कराने के साथ-साथ ग्रामीण उपभोक्ताओं को घर-घर विद्युत बिल भुगतान की सुविधा भी प्रदान कर रही है।
उप मुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य जी ने कहा कि विद्युत सखी कार्यक्रम ग्रामीण महिलाओं के आर्थिक एवं सामाजिक सशक्तिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। इससे महिलाओं की आमदनी बढ़ रही है और उनके परिवारों की आर्थिक स्थिति मजबूत हो रही है। साथ ही समाज में महिलाओं के प्रति सम्मान और विश्वास भी बढ़ा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के महिला नेतृत्व वाले विकास और आत्मनिर्भर भारत के विजन को उत्तर प्रदेश में प्रभावी रूप से धरातल पर उतारने में स्वयं सहायता समूहों की दीदियां महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।
₹3,562 करोड़ से अधिक का विद्युत बिल संग्रह
उत्तर प्रदेश पावर कॉरपोरेशन तथा राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के मध्य हुए अभिसरण से संचालित विद्युत सखी कार्यक्रम ने उल्लेखनीय सफलता हासिल की है। मिशन निदेशक श्री अरुण कुमार जी ने बताया कि कार्यक्रम की शुरुआत से अब तक 16,021 सक्रिय विद्युत सखियों द्वारा ₹3,562 करोड़ से अधिक के विद्युत बिलों का संग्रह किया जा चुका है। विद्युत सखियों ने 1.55 करोड़ से अधिक बिलों का सफल संग्रह कर ₹46 करोड़ से अधिक का कमीशन अर्जित किया है।
वित्तीय वर्ष 2026-27 में अब तक विद्युत सखियों ने ₹250 करोड़ से अधिक का राजस्व संग्रहण कर ₹3.15 करोड़ से अधिक कमीशन अर्जित किया है। वर्ष 2025-26 में ₹1,451 करोड़, वर्ष 2024-25 में ₹1,044 करोड़, वर्ष 2023-24 में ₹466 करोड़ तथा वर्ष 2022-23 में ₹263 करोड़ का संग्रहण किया गया था। यह आंकड़े कार्यक्रम की तेज गति से बढ़ती सफलता को स्पष्ट करते हैं।
एक माह में ₹350 करोड़ का संग्रहण बना उपलब्धि का प्रमाण
कार्यक्रम के प्रभारी मिशन प्रबंधक श्री आयुष वर्मा के अनुसार, वित्तीय वर्ष 2022-23 में पूरे वर्ष में ₹263 करोड़ का बिल संग्रह किया गया था, जबकि दिसंबर 2025 में अकेले एक माह में ₹350 करोड़ का संग्रहण किया गया। यह विद्युत सखी कार्यक्रम की अभूतपूर्व प्रगति और ग्रामीण महिलाओं की बढ़ती कार्यक्षमता का प्रमाण है।
व्यक्तिगत स्तर पर भी विद्युत सखियों ने बनाए रिकॉर्ड
बिजनौर, सहारनपुर, सुल्तानपुर, मेरठ और अमेठी सहित कई जिलों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। प्रदेश की शीर्ष 10 विद्युत सखियों ने इस वित्तीय वर्ष में एनसीसीपी द्वारा संचालित नए ई-वॉलेट के माध्यम से ₹20 करोड़ से अधिक का बिल संग्रह कर नया कीर्तिमान स्थापित किया है। मेरठ की संगीता ने 8,718 बिलों के माध्यम से लगभग ₹3 करोड़, बाराबंकी की लक्ष्मी देवी ने 8,386 बिलों के माध्यम से लगभग ₹2 करोड़ तथा अमेठी की सोनी द्विवेदी ने 6,556 बिलों के माध्यम से ₹2.27 करोड़ का संग्रह किया है।
विद्युत सखी अभियान अब केवल बिजली बिल संग्रह की व्यवस्था नहीं, बल्कि ग्रामीण महिलाओं के आर्थिक स्वावलंबन, सम्मानजनक आय और नेतृत्व क्षमता का सफल मॉडल बन चुका है। यह पहल साबित कर रही है कि महिलाओं को अवसर, प्रशिक्षण और जिम्मेदारी दी जाए तो वे न केवल अपने परिवार की आर्थिक स्थिति बदल सकती हैं, बल्कि सरकारी सेवाओं की अंतिम छोर तक पहुंच को भी अधिक प्रभावी, पारदर्शी और जवाबदेह बना सकती हैं।






