आजमगढ़ : उत्तर प्रदेश हिन्दी संस्थान द्वारा जारी इस योजना का आर्थिक स्थिति से ग्रस्त साहित्यकार ऐसे उठायें लाभ
आजमगढ़ 26 अप्रैल– जिलाधिकारी श्री विशाल भारद्वाज ने बताया कि साहित्यकार कल्याण कोष योजना के अन्तर्गत उत्तर प्रदेश हिन्दी संस्थान द्वारा इस योजना अन्तर्गत 60 वर्ष से अधिक आयु के विषम आर्थिक स्थिति ग्रस्त या रूग्ण ऐसे साहित्यकारों को जिनकी वार्षिक आय (समस्त श्रोतों से) रू0 5 लाख से अधिक नही है, उन्हें अधिकतम रू0 50000 (रू0 पचास हजार) अनावर्तक आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है। संस्थान द्वारा इस योजना अन्तर्गत ऐसे रचनाकारों को जिनकी वार्षिक आय (समस्त श्रोतों से) रू0 5 लाख से अधिक नही है। कुल प्रकाशन पर होने वाले व्यय का तीन चौथाई भाग, जो रू0 30000 (रू0 तीस हजार) से अधिक नही होगा। उनकी पाण्डुलिपि के मुद्रण/प्रकाशन हेतु प्रकाशन अनुदान प्रदान किया जाता है।
उन्होने बताया कि इन दोनो योजनाओं हेतु संस्थान द्वारा प्राविधानित नियमावली के अनुसार साहित्यकार/रचनाकार आवेदन निदेशक, उ0प्र0 हिन्दी संस्थान, राजर्षि पुरूषोत्तमदास टण्डन हिन्दी भवन, 6-महात्मा गांधी मार्ग, हजरतगंज, लखनऊ-226001 को कर सकते हैं।
उन्होने अपील किया है कि जनपद के ऐसे साहित्यकार/रचनाकार अपना आवेदन नियमावली के अनुसार सीधे निदेशक, उ0प्र0 हिन्दी संस्थान, राजर्षि पुरूषोत्तमदास टण्डन हिन्दी भवन, 6-महात्मा गांधी मार्ग, हजरतगंज, लखनऊ 226001 को दिनांक 28 मई 2022 तक उपलब्ध करा सकते हैं।
——-जि0सू0का0 आजमगढ़-26.04.2022——–





