*TV 20 NEWS || SONBHADRA :हर नारी सुरक्षित, हर बेटी सशक्त—मिशन शक्ति 5.0 में सोनभद्र पुलिस पूरी तरह सक्रिय”*
*प्रेस विज्ञप्ति*
*जनपद – सोनभद्र*
*दिनांक – 16.12.2025*
*“हर नारी सुरक्षित, हर बेटी सशक्त—मिशन शक्ति 5.0 में सोनभद्र पुलिस पूरी तरह सक्रिय”*
* मिशन शक्ति 5.0 : नारी सुरक्षा एवं जागरूकता को लेकर जनपद भर में चला व्यापक अभियान, स्कूल-कॉलेज से बाजार तक पहुँची पुलिस की टीम*
महिलाओं एवं बालिकाओं की सुरक्षा, सम्मान और आत्मनिर्भरता को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से मिशन शक्ति अभियान 5.0 के अंतर्गत सोनभद्र पुलिस द्वारा जनपद-व्यापी जागरूकता कार्यक्रम संचालित किए गए। अभियान के माध्यम से समाज के प्रत्येक वर्ग तक सीधे संवाद स्थापित कर सुरक्षा व अधिकारों का संदेश पहुँचाया गया।
*पुलिस अधीक्षक सोनभद्र श्री अभिषेक वर्मा* के निर्देशन तथा *क्षेत्राधिकारी यातायात डॉ. चारु द्विवेदी (सहायक नोडल अधिकारी—मिशन शक्ति 5.0)* के नेतृत्व में जनपद के समस्त थानों की मिशन शक्ति टीमों द्वारा विद्यालयों, महाविद्यालयों, बाजारों, चौराहों एवं अन्य सार्वजनिक स्थलों पर सघन जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए।
कार्यक्रमों के दौरान महिलाओं, बालिकाओं एवं छात्र-छात्राओं को महिला उत्पीड़न से बचाव, साइबर अपराधों के नवीन तरीकों, ऑनलाइन ठगी से सतर्कता, सोशल मीडिया के सुरक्षित उपयोग, गुड टच–बैड टच की पहचान तथा आत्मरक्षा के व्यावहारिक उपायों के बारे में सरल एवं प्रभावी ढंग से जानकारी दी गई।
विशेष रूप से यह बताया गया कि साइबर अपराधी अक्सर डर, लालच एवं झूठे प्रलोभन का सहारा लेते हैं, इसलिए किसी भी संदिग्ध कॉल, लिंक या ओटीपी को साझा न करने की सख्त हिदायत दी गई।
*मिशन शक्ति टीम द्वारा आपात सहायता हेतु महत्वपूर्ण हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी देते हुए उनके त्वरित उपयोग के लिए प्रेरित किया गया—*
☎ 112 – आपातकालीन सेवा
☎ 1090 / 1091 – महिला सुरक्षा हेल्पलाइन
☎ 181 – महिला हेल्पलाइन
☎ 1930 – साइबर अपराध हेल्पलाइन
☎ 1076 – मुख्यमंत्री हेल्पलाइन
टीम ने उपस्थित महिलाओं एवं बालिकाओं को यह भरोसा दिलाया कि किसी भी प्रकार की छेड़छाड़, उत्पीड़न अथवा साइबर अपराध की सूचना देने पर पुलिस द्वारा तत्काल एवं प्रभावी कार्रवाई की जाएगी।
*अंत में स्पष्ट संदेश दिया गया कि—*
“नारी की सुरक्षा केवल दायित्व नहीं, सोनभद्र पुलिस का संकल्प है।”
*जनपद सोनभद्र पुलिस द्वारा मिशन शक्ति 5.0 के अंतर्गत ऐसे जन-जागरूकता कार्यक्रम भविष्य में भी निरंतर आयोजित किए जाते रहेंगे, ताकि हर महिला स्वयं को सुरक्षित, जागरूक और सशक्त महसूस कर सके।*






