आजमगढ़ : यूक्रेन में फंसे आजमगढ़ शहर के छात्र समेत चार के सकुशल घर आने पर परिजनों ने ली राहत की सांस

आजमगढ़ : यूक्रेन में फंसे आजमगढ़ के शहर के लच्छीरामपुर निवासी विनीत विश्वकर्मा समेत अन्य छात्रों के सकुशल आज सुबह घर पहुंचने पर परिजनों ने राहत की सांस ली। घर तक सकुशल पहुंचाने पर सरकार को बहुत धन्यवाद दिया। विनीत ने बताया कि 24 फरवरी को यूक्रेन में स्थिति खराब होने के बाद ही 25 फरवरी को वह अपने साथियों के साथ ब्लैक सागर के तट पर स्थित ओडीशा मेडिकल यूनिवर्सिटी से अपने घर के लिए निकल गया था। लेकिन तमाम झंझावतों को सहने के बाद 4 मार्च की सुबह आजमगढ़ शहर स्थित अपने घर पहुंच सका। उसने बताया कि रात रात भर रेलवे स्टेशन व बॉर्डर पर लाइन में खड़ा होना पड़ रहा था। अफ्रीकन व पाकिस्तानी छात्रों का उत्पात था व यूक्रेन में त्रासदी के दौर में हर चीज का दाम बहुत ज्यादा वसूला जा रहा था। किसी तरह हंगरी बॉर्डर पारकर राहत की सांस ली। वहां से दूतावास ने बहुत मदद की। होटल व खाने-पीने के सामान उपलब्ध कराए गए। फिर हंगरी की राजधानी बुडापेस्ट से एयर फोर्स के c17 प्लेन से गाजियाबाद कल पहुंचा। वहां से राज्य सरकार के द्वारा उपलब्ध कराई गई कार से 4 छात्र आजमगढ़ में अपने-अपने घर पहुंचे। कार से घर तक पहुंचाने पर परिजन बहुत खुश दिखाई दिए। बताए कि एसडीएम लगातार बच्चों से संपर्क में थे। आइए सुनते हैं विनीत और उनके परिजन ने क्या बयां किया।