आपको यह खबर आपके अनुरूप लगेगी क्यूंकि यह बिचार खुद एक स्वास्थ्य विभाग में रिटायर कर्मचारी श्याम सुन्दर गुप्ता ने अपनी कलम से लिखकर टीवी २० को न्यूज़ को भेजा है और इसकी कापी मुख्यमंत्री तक से लेकर प्रधानमंत्री तक को भेजा गया है | आइये अप खुद सुनिए कि उन्होंने क्या कुछ कहा | जहां तक मेरा चिकित्सा व्यवसाय से लगभग 45 वर्षों का अनुभव है के आधार पर मैं यह कह सकता हूं। शुरुआत के दिनों में जो भी इस पेशे में आते थे सेवा भाव से आते थे ।उनके अंदर मरीजों के प्रति ममता करुणाकी भावना थी।आज की परिस्थिति में सभी भ्रष्ट चाहे नेता चाहे जिलाधिकारी या मुख्य चिकित्सा अधिकारी सब एक दूसरे के पूरक हैं। तुम्हारा भ्रष्टाचार में छुपा लूंगा तू मेरा छुपाना ।ऐसे में मेरे विचार यही हैं ।आज भी समाज में कुछ अच्छे डॉक्टर हैं जो अपना सर्वस्व मरीज की सेवा में न्योछावर कर दे रहे हैं प्राणों की बलि भी दे दिए हैं। लेकिन उनकी संख्या नगण्य है।ऐसे में पूरी व्यवस्था आकंठ भ्रष्टाचार में डूबी हुई है ।नेता जी भी वही चाहते हैं जिलाधिकारी भी वही चाहते हैं मुख्यचिकित्साधिकारी चाहते हैं जनता भी वही चाहती है।मेरे विचार में कोई भी चिकित्सक जोस्वयं दवा खा सकें जो जांच कराना आवश्यक हो ।वही मरीज के प्रति करें यह सबसे बड़ी सेवा होगी तथा साथ ही संबंधित जिलाधिकारी मुख्य चिकित्साधिकारी || अधिकारी निष्पक्ष निर्लिप्त होकर सहयोग करें तभी इस भ्रष्टाचार का अंत हो सकता है । दहेज लेना देना दोनों अपराध है निर्वाध जारी है ।इसी प्रकार नान प्रैक्टिसिंग लेते हुए भी फीस लेकर देखना अपराध है ।मरीज कीभी एक ऐसी धारणा बन गई है अस्पताल में डॉक्टर ध्यान से नहीं देखेंगे घर पर फीस लेने से ठीक से देखेंगे ।खुद भ्रष्टाचार को बढ़ावा देता है और बाहर आकर गाली देता है ।जब तक नैतिकता करुणा मानवतानहीं आएगी तब तक निराकरण असंभव है ।मेरे समझ से डॉक्टरी पेशा में ना कोई आरक्षण होना चाहिए नहीडोनेशन ।आरक्षण तथा डोनेशनपर जो डिग्री धारणकर रहा है उनके प्रमाणपत्रपर तथाबोर्ड पर स्पष्ट लिख दिया जाय।आमरीजयोग्य याअयोग्य डाक्टर के धोखाधड़ी से बचेगा।साथहीअकूत शोषण पर प्रतिबंध लगेगा। लेकिन इसमें सबसे बड़ी बाधा यह है कि सभी दलों के नेता लोगों के तथा जिलाधिकारियों के छद्म नाम से मेडिकलकालेज हैं ।लोग खुद ही नहीं लागू होने देंगे। जनता उसी में पिस रही है ।मेरे विचार अच्छे लगे सोचे समझे निर्णय लें ।मरने के बाद कुछ लेनहीं जाएंगे चाहे कितनी बड़ी पोस्ट पर हैं।कितनी शानोशौकत हो ।भ्रष्टलोगविना नशे कीगोली या मदिरापान के सामान्य नींद नही ले पाते है ।कम खायें गम खायें मस्त रहें।धन्यवाद ।






