आजमगढ़ के शिक्षक ने खुद के अपहरण की रची साजिश, मैसेज पर कहा थाजमीन बेचकर करो पैसे का इंतजाम

गोरखपुर। गोरखपुर जिले में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां कर्ज में डूबे शिक्षक ने खुद की अपहरण की साजिश रच डाली. अपहरण की झूठी कहानी ने जिले की पुलिस की परेशानी बढ़ा दी. घर छोड़ने के बाद भूमि रजिस्ट्री करके पैसे का इंतजाम करने का मैसेज परिवार के पास आने के बाद सक्रिय हुई शाहपुर थाना पुलिस ने सर्विलांस की मदद से शिक्षक को मिर्जापुर जिले के विंध्याचल से बरामद कर लिया. जांच में सच्चाई सामने आने पर शिक्षक को परिवार के साथ घर भेज दिया गया.

आजमगढ़ जिले के रहने वाले सूबेदार परिवार के साथ शाहपुर क्षेत्र में किराए पर कमरा लेकर रहते हैं. निजी विद्यालय में शिक्षक की नौकरी कर वह परिवार की जीविका चलाते हैं. कोरोना संक्रमण के दौरान उनकी नौकरी चली गई. घर की जीविका चलाने के लिए उन्होंने कई लोगों से कर्ज ले लिया। नौकरी न मिलने की वजह से कर्ज चुकाने में असुविधा हो रही थी. 19 जुलाई को कुशीनगर जाने की बात कह घर से निकले सूबेदार देर रात तक घर नहीं लौटे.

मोबाइल बंद होने पर स्वजन ने अनहोनी की आशंका जताते हुए पुलिस को सूचना दी. अगले दिन वाट्सएप के जरिए मैसेज भेज अपहरण होने की जानकारी दी. मैसेज में लिखा था कि लखनऊ की जमीन बेचकर रुपये का इंतजाम करो. प्रभारी निरीक्षक थाना शाहपुर रणधीर मिश्रा ने बताया कि शिक्षक ने अपहरण की झूठी सूचना दी थी. स्वजन के साथ उन्हें घर भेज दिया गया है.