जयपुर : महिला के प्राइवेट पार्ट से 11 दिन बाद निकला 10 करोड़ का ड्रग्स

जयपुर: ड्रग्स की तस्करी के लिए तस्कर आए दिन नए-नए तरीके अपनाते रहते हैं. लेकिन जांच के दौरान एजेंसियां कई बार ड्रग्स की बड़ी खेप का पता लगा चुकी हैं. ऐसा ही मामला राजस्थान से आया है जहां युगांडा की एक महिला प्राइवेट पार्ट में ड्रग्स छुपाकर ला रही थी लेकिन एयरपोर्ट पर इसका खुलासा हो गया. जयपुर में DRI (डायरेक्ट्रेट रेवेन्यू सर्विसेज) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए सूडान की महिला से 6 करोड़ की ड्रग्स बरामद की है। यह ड्रग्स वह प्राइवेट पार्ट (रेक्टम-वेजाइना) और पेट में छिपाकर लाई थी। इसे निकालने में करीब 11 दिन का समय लगा।

मेडिकल टीम ने जांच की तो पता चला महिला अपने बॉडी में करीब 88 कैप्सूल लेकर आई थी। महिला दुबई के शारजाह से यह ड्रग्स लेकर जयपुर पहुंची थी। महिला से कैप्सूल बरामद कर गुरुवार को उसे जेल भेज दिया गया है।

जानकारी के अनुसार, शारजाह से 19 फरवरी को सूडान की यह महिला जयपुर एयरपोर्ट पहुंची थी। इंटेलिजेंस से रिपोर्ट मिली थी कि महिला बड़ी मात्रा में हेरोइन लेकर आई है। महिला से पूछताछ की तो उसने कुछ बताया नहीं। जांच हुई तो उसके प्राइवेट पार्ट में ड्रग्स के कैप्सूल होने की पुष्टि हुई। DRI अधिकारियों की ओर से मेडिकल टेस्ट की परमिशन ली गई।

इसमें पता चला कि महिला के प्राइवेट पार्ट में कैप्सूल है। इसे निकालने की प्रक्रिया शुरू की गई। इस बीच एक्स-रे करवाया गया। इसमें कुछ थैलियां दिखीं। महिला को SMS अस्पताल में भर्ती करवाया गया। 11 दिन के बाद महिला के प्राइवेट पार्ट और पेट से करीब 88 कैप्सूल निकाले गए।

11 दिन में निकले 30 से अधिक कैप्सूल
महिला ने 30 से अधिक कैप्सूल को पेट में छिपा रखा था। हेरोइन को लिक्विड में बदल कर प्लास्टिक की थैलियों के कैप्सूल बनाए गए थे। महिला को 11 दिन तक डॉक्टर्स की टीम ने ऑब्जर्वेशन में रखा। इसके बाद पेट से 30 कैप्सूल बाहर निकाले गए। महिला का दोबारा मेडिकल करवाया गया। तबीयत सही होने पर गुरुवार को दोबारा कोर्ट में पेश किया गया।

अगर एक कैप्सूल भी फट जाता तो मौत हो जाती
डॉक्टरों के अनुसार, महिला ने कैप्सूल की रैपिंग सही कर रखी थी।अगर एक कैप्सूल पेट में एसिड के कारण फट जाता तो महिला की मौके पर मौत हो सकती थी। उसके शरीर में करीब 9 ग्राम हेराेइन थी। अधिकारियों ने बताया कि इतनी मात्रा में बॉडी में ड्रग्स होना खतरनाक था।