• सेंटर लेवल की एएनएम अलग-अलग मरीजों की सूची सीधे पोर्टल पर करेंगी अपलोड
• शहर में फैल रही बीमारियों के बारे में रोजाना हेल्थ ऑफिसर, प्रदेश सरकार व केंद्रीय स्वास्थ्य विभाग तक पहुंचेगी डिटेल रिपोर्ट
आजमगढ़, 14 मार्च 2022
हाल ही में केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने एकीकृत स्वास्थ्य सूचना प्लेटफॉर्म (आईएचआईपी) की शुरुआत की है जो कि वर्तमान में उपयोग में लाए जा रहे एकीकृत रोग निगरानी कार्यक्रम (आईडीएसपी) का आधुनिक रूप है। इसमें स्वास्थ्य विभाग के रोग निगरानी कार्यक्रम के लिये डाटा एंट्री और प्रबंधन का कार्य भी शामिल है। साथ ही इससे 33 बीमारियों की निगरानी संभव है। यह कहना है मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ आईएन तिवारी का। डॉ तिवारी ने बताया कि यह भारत का सबसे बड़ा ऑनलाइन रोग निगरानी मंच है।
उन्होने बताया कि एकीकृत स्वास्थ्य सूचना प्लेटफॉर्म (आईएचआईपी) वास्तविक समय में केस आधारित जानकारी, एकीकृत विश्लेषणात्मक और उन्नत क्षमता के लिये विकसित स्वास्थ्य सूचना प्रणाली है। इसके अलावा इससे इलेक्ट्रॉनिक रूप से किसी बीमारी के प्रकोप की जाँच की शुरुआत और निगरानी भी की जा सकती है, जो किसी महामारी से प्रारंभ में ही निपटने में बहुत ही सहायक होगा।
जिला सर्विलान्स अधिकारी डॉ एके सिंह ने बताया कि एकीकृत स्वास्थ्य सूचना मंच को लेकर सोमवार को मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय सभागार में प्रभारी चिकित्सा अधिकारियों का एक दिवसीय प्रशिक्षण सम्पन्न हुआ। इसमें इंटीग्रेटेड हेल्थ इंफॉर्मेशन प्लेटफॉर्म पोर्टल पर बीमारियों का रिकॉर्ड अपलोड करने की विस्तार से जानकारी दी गयी। इसके माध्यम से शहर में फैल रही बीमारियों के बारे में अब संबन्धित एएनएम द्वारा हेल्थ ऑफिसर, प्रदेश सरकार व केंद्रीय हेल्थ विभाग को रोज डाटा भेजा जायेगा। स्वास्थ्य विभाग ने जिले के किसी भी गांव व शहर में बीमारियों का पता तत्काल लगाने के लिए इंटीग्रेटेड हेल्थ इंफॉर्मेशन प्लेटफॉर्म पोर्टल की शुरुआत की है। जहां पर पीएससी, अर्बन व रूरल हेल्थ सेंटर की एएनएम संबंधित एरिया में बढ़ने वाली बीमारियों का आंकड़ा सीधे पोर्टल पर अपलोड करेंगी, जिस पर ध्यान रखते हुए प्रदेश व केंद्रीय स्वास्थ्य विभाग को उसके निवारण के लिए गंभीर कदम उठाने में मदद मिलेगी।
जिले के अलग-अलग एरिया में बीमारियों के लक्षण की पुष्टि होने पर साइनिंग मैनुअल के माध्यम से हेल्थ विभाग को भेजा जा रहा था। बीमारियों का आंकड़ा हेल्थ ऑफीसर, प्रदेश सरकार व केंद्रीय स्वास्थ्य विभाग तक पहुंचने में करीब 1 महीने का वक्त लगता था। ऐसे में संबंधित एरिया में बीमारियों के प्रकोप को कंट्रोल करने के लिए स्वास्थ्य विभाग की ओर से गंभीर कदम उठाने में देर हो जाती थी। इसको ध्यान में रखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने इंटीग्रेटेड हेल्थ इंफॉर्मेशन प्लैटफॉर्म पोर्टल पर मरीजों में होने वाली बीमारियों की जानकारी पोर्टल पर अपलोड करने की पहल की है।
इस अवसर पर जिला सर्विलान्स अधिकारी डॉ एके सिंह, जिला स्वास्थ्य शिक्षा एवं सूचना अधिकारी ओमजी श्रीवास्तव, सभी सीएचसी/पीएचसी के प्रभारी चिकित्सा अधिकारी तथा उप जिला स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी राजेश पांडे मैजूद थे।






