आजमगढ़ : सामान्य विधानसभा चुनाव 2022 को संपन्न कराने हेतु स्थाई निगरानी टीम का किया गया गठन

मीडिया सेल
विधान सभा सामान्य निर्वाचन-2022
जिला निर्वाचन अधिकारी कार्यालय
आजमगढ़

प्रेस नोट

आजमगढ़ 26 फरवरी– जिला निर्वाचन अधिकारी/जिला मजिस्ट्रेट अमृत त्रिपाठी ने अवगत कराया है कि सामान्य विधानसभा चुनाव 2022 को संपन्न कराने हेतु स्थाई निगरानी टीम का गठन किया गया था। मा0 विशेष व्यय प्रेक्षक द्वारा दिये गये निर्देश के क्रम में स्थाई निगरानी टीम की तैनाती की गई है। मा0 विशेष व्यय प्रेक्षक द्वारा दिये गये निर्देश तथा गूगल मीट के माध्यम से आयोजित बैठक में दिये गये निर्देश के क्रम में पुनः निर्वाचन व्यय अनुवीक्षण कार्य हेतु वि0स0 349-फूलपुर पवई के लिए पूर्व में लगाये गये स्थायी निगरानी टीम प्रभारी प्रेमचन्द यादव, रीडर गॉधी पीजी कालेज मालटारी आजमगढ़ के स्थान पर वंशराज यादव, बोरिंग टेक्नीशियन, लघु सिंचाई 9140208082, की तैनाती की गयी है। जो अधिसूचना जारी होने की तिथि (10 फरवरी 2022) से मतदान/पुनर्मतदान, यदि कोई हो, की तारीख तक अपनी ड्यूटी जारी रखेंगे।
उन्होने उपरोक्त समस्त अधिकारियों/कर्मचारियों को निर्देशित किया है कि भारत चुनाव आयोग द्वारा समय-समय पर जारी आदेशों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करें एवं उनकी अवहेलना क्षम्य नहीं होंगी तथा सुसंगत धाराओं के अंतर्गत कार्यवाही की जाएगी।
उक्त स्थाई निगरानी टीमें निर्वाचन व्यय अनुवीक्षण अनुदेश पुस्तिका में दिए गये अनुदेशों के अनुसार कार्य संपादित करेंगे, जिसके अन्तर्गत प्रत्येक विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र/खंड में 3 समर्पित स्थाई निगरानी टीमें होंगी, जो नकदी का अवैध आदान-प्रदान या शराब का वितरण या अन्य कोई संदेहास्पद वस्तुएं, जो मतदाताओं को घूस देने के लिए प्रयोग मे लाई जा रही हो, उसका पता लगायेंगे। स्थाई निगरानी टीम का प्रमुख एक वरिष्ठ कार्यकारी मजिस्ट्रेट होगा, पुलिस स्टेशन का एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी, एक विडियोग्राफ़र और तीन-चार सशस्त्र पुलिस कार्मिक होंगे। उनको नकदी या सामान इत्यादि की जब्ती के लिए पूरी तरह समर्पित एक वाहन, मोबाइल फोन, एक विडियो कैमरा और अपेक्षित पंचनामा दस्तावेज दिए जायेंगे। प्रत्येक विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र में तीन या अधिक स्थाई निगरानी टीमें होंगी, जिनमे प्रत्येक टीम में एक मजिस्ट्रेट और तीन या चार पुलिस कार्मिक होंगे, यह टीम चेकपोस्ट बनाएगी और अपने क्षेत्र में भारी मात्रा में लाई जाने वाली नकदी, अवैध शराब, कोई संदेहास्पद वस्तु या शस्त्रों इत्यादि की आवाजाही पर निगरानी रखेगी। जांच की समस्त प्रक्रिया की विडियोग्राफी की जायेगी। स्थैतिक निगरानी दलों के लोकेशन समय-समय पर बदले जायेंगे, जिससे कि अचरज का पुट बनाया रखा जा सके। जांच चौकी की सम्पूर्ण गतिविधियों की वीडियोग्राफी की जाएगी और डीवीडी व्यय प्रेक्षक को साक्ष्य के फोल्डर में रखने के लिए सौंप दी जाएगी। यदि बेहिसाब नकद बिना उचित कागजात के किसी व्यक्ति के कब्जे में पाया जाता है और ये संदेह है कि यह रिश्वत देने के लिए प्रयोग में लायी गयी है तो उस जब्त कर लिया जायेगा और विधिसम्मत प्राविधानों के अधीन कार्यवाही की जाएगी और संबंधित व्यक्ति को निर्धारित प्रारूप पर रसीद दी जाएगी। सामान/वाहन की जाँच करते समय सदस्यों को विनम्र, मर्यादित व शिष्ट होना चाहिए। किसी महिला द्वारा धारित पर्स की जांच किसी महिला अधिकारी द्वारा ही की जाए। एसएसटी द्वारा जाँच व वीडियोग्राफी कार्यपालक मजिस्ट्रेट के समक्ष ही की जायेगी।
स्थाई निगरानी टीम के मजिस्ट्रेट प्रत्येक दिन की गतिविधियों का विवरण/रिपोर्ट निर्धारित प्रारूप अनुलग्नक ख10 पर भौतिक रूप से तथा e-mail (toaza@nic.in) के माध्यम से मुख्य कोषाधिकारी को प्रेषित करेंगे तथा मुख्य कोषाधिकारी उस रिपोर्ट को पुलिस अधीक्षक/आरओ, सामान्य प्रेक्षक, व्यय प्रेक्षक एवं सहायक व्यय प्रेक्षक को भेजेंगे। प्रतिदिन अनुलग्नक ख10 फार्मेट पर दी जाने वाली सूचना (शून्य होने पर भी) एसपी, आरओ, डीईओ, व्यय प्रेक्षक व सामान्य प्रेक्षक को देना न भूलें। कोई अप्रधिता न पाए जाने पर वाहन को छोड़े जाने पर उसमें पाए गए नकदी एवं उसके अंतिम प्रयोगों का दस्तावेज/प्रमाणपत्र की प्रति प्राप्त करना न भूलें। विस्तृत निर्देश भारत निर्वाचन आयोग की वेबसाइट eci.nic.in/eci.gov.in से आयोग की गाइडलाइन्स को प्रिंट कर लें। सहायक नोडल ऑफिसर-यातायात/सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी, आजमगढ़, सम्बंधित टीमों को वाहन आवंटित करेंगे। प्रत्येक टीम के नामित अधिकारी अपनी शिफ्ट के निर्धारित समय से एक घंटा पूर्व सूची में अंकित वाहन को कलेक्ट्रेट कार्यालय से प्राप्त कर अपनी तहसील के सहायक रिटर्निंग ऑफिसर के पास पहुंचेंगे तथा वहां से उन्हें सहायक रिटर्निंग ऑफिसर के द्वारा आवंटित वाहन उपलब्ध कराया जायेगा, जिससे वह अपनी ड्यूटी पॉइंट पर पहुंचना सुनिश्चित करेंगे। यही क्रम प्रत्येक दिन अनवरत चलता रहेगा। उक्त वाहन जीपीएस युक्त रहेंगे। उक्त वाहनों के लिए ईंधन की व्यवस्था जिला पूर्ति अधिकारी/सहायक नोडल ऑफिसर यातायात द्वारा की जायेगी, जिसका सम्पूर्ण लेखा जोखा अनुरक्षित किया जायेगा। समस्त स्थाई निगरानी टीमों के साथ 01 पुलिस अधिकारी 03 कांस्टेबल की नियुक्ति पुलिस अधीक्षक आजमगढ़ द्वारा की जायेगी। परियोजना निदेशक, डीआरडीए/नोडल आफिसर वीडियोग्राफी द्वारा उक्त टीमों के साथ 01-01 रोजगार सेवक को शासकीय वीडियो/डिजिटल कैमरे सहित वीडियोग्राफी के कार्य हेतु नियुक्त किया जायेगा। नोडल आफिसर निर्वाचन कार्यक्रम की घोषणा दिनांक से वीडियोग्राफर टीमों को उपलब्ध कराये जायेंगे।
उपरोक्त समस्त के द्वारा कोविड-19 प्रोटोकाल से सम्बन्धित सभी महत्वपूर्ण दिशा-निर्देशों का सम्पूर्ण पालन किया जायेगा, अन्यथा की स्थिति में लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 एवं आपदा प्रबन्धन अधिनियम 2005 के अन्तर्गत सम्बन्धित कर्मचारी के विरूद्ध विधिक कार्यवाही की जायेगी, जिसके लिए वह स्वयं उत्तरदायी होंगे। स्थायी निगरानी टीम की प्रत्येक टीम के साथ मानक के अनुसार पुलिस बल के उपलब्धता के सम्बन्ध में पुलिस अधीक्षक, आजमगढ़ द्वारा जारी आदेश द्वारा अवगत कराया है कि पंचम चरण निर्वाचन के पश्चात् दिनांक 27 फरवरी 2022 के पश्चात् पर्याप्त मात्रा में टीमों के साथ पुलिस बल की तैनाती की जायेगी तथा पुलिस अधीक्षक द्वारा अतिरिक्त पुलिस बल की आवश्यकता बतायी गई है, जिसके क्रम में पुलिस महानिरीक्षक कानून व्यवस्था उत्तर प्रदेश लखनऊ से वांछित पुलिस बल के लिए भी अनुरोध किया गया है।

—–जि0सू0का0-आजमगढ़-26.02.2022——-