*TV 20 NEWS || AZAMGARH :*पल्स पोलियो अभियान का शुभारंभ कर सीएमओ ने मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं एवं सीटीजी मशीन का लिया जायजा*

*पल्स पोलियो अभियान का शुभारंभ कर सीएमओ ने मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं एवं सीटीजी मशीन का लिया जायजा*

आजमगढ़ 28 जून 2026/

राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान के रविवार बूथ दिवस का शुभारंभ मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. एन. आर. वर्मा ने जिला महिला चिकित्सालय में बच्चों को पोलियो रोधी खुराक पिलाकर किया। बूथ दिवस के उद्घघाटन सत्र में बूथ पर कुल 22 बच्चों को सीएमओ एवं अन्य उपस्थित अधिकारियों द्वारा पोलियो की दवा पिलाई गई।
इस अवसर पर मुख्य चिकित्साधिकारी ने अभिभावकों से अपील करते हुए कहा कि जीरो से पाँच वर्ष तक के प्रत्येक बच्चे को अनिवार्य रूप से पोलियो की खुराक अवश्य पिलाएं। पोलियो मुक्त भारत की उपलब्धि को बनाए रखना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है और कोई भी बच्चा इस जीवनरक्षक अभियान से वंचित न रहे, यह सुनिश्चित करना आवश्यक है।
कार्यक्रम में अधीक्षक जिला महिला चिकित्सालय डॉ. विनय सिंह यादव, जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. अब्दुल अज़ीज़, अपर मुख्य चिकित्साधिकारी (आरसीएच) डॉ. उमाशरण पांडेय, डिप्टी सीएमओ डॉ. आलेन्द कुमार, डीसीपीएम विपिन बिहारी पाठक, चिकित्सकगण, स्वास्थ्यकर्मी एवं सहयोगी संस्थाओं के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
अभियान के शुभारंभ के उपरांत मुख्य चिकित्साधिकारी ने जिला महिला चिकित्सालय का निरीक्षण कर मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं का जायजा लिया। उन्होंने इमरजेंसी वार्ड, प्रसूति कक्ष, एएनसी वार्ड तथा अन्य इकाइयों का भ्रमण कर भर्ती महिलाओं एवं प्रसूताओं से उपलब्ध सुविधाओं, दवाओं, भोजन एवं उपचार व्यवस्था के संबंध में जानकारी प्राप्त की।
निरीक्षण के दौरान अधीक्षक डॉ. विनय सिंह यादव उनके साथ उपस्थित रहे और विभिन्न व्यवस्थाओं से अवगत कराया। अस्पताल की स्वच्छता, अनुशासित कार्यप्रणाली एवं मरीजों को मिल रही सुविधाओं पर मुख्य चिकित्साधिकारी ने संतोष व्यक्त करते हुए इसे जनपद के अन्य स्वास्थ्य संस्थानों के लिए अनुकरणीय बताया। उन्होंने सभी सौ शैय्या चिकित्सालयों, सीएचसी एवं पीएचसी प्रभारियों से अपने संस्थानों में भी इसी प्रकार की गुणवत्तापूर्ण एवं संवेदनशील स्वास्थ्य सेवाएं सुनिश्चित करने की अपेक्षा की।
निरीक्षण के क्रम में ट्रायेज कक्ष में स्थापित कार्डियोटोकोग्राफी (सीटीजी) मशीन की कार्यप्रणाली का भी अवलोकन किया गया। मुख्य चिकित्साधिकारी ने कहा कि यह मशीन गर्भवती महिलाओं एवं गर्भस्थ शिशु के स्वास्थ्य की निगरानी के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। इसके माध्यम से शिशु की हृदय गति तथा गर्भाशय संकुचनों का सटीक आकलन कर संभावित जटिलताओं की समय रहते पहचान एवं उपचार संभव हो पाता है।
उन्होंने चिकित्सालय प्रशासन को निर्देशित किया कि मरीजों को गुणवत्तापूर्ण, संवेदनशील एवं समयबद्ध स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए तथा किसी भी स्तर पर शिथिलता न बरती जाए।
विज्ञप्ति के माध्यम से मुख्य चिकित्साधिकारी ने जनपद की समस्त स्वास्थ्य इकाइयों को निर्देशित किया कि ‘जीरो पॉवर्टी अभियान’ के अंतर्गत शेष पात्र परिवारों के गोल्डन आयुष्मान कार्ड 30 जून तक शत-प्रतिशत बनाए जाना सुनिश्चित करें तथा प्रतिदिन इसकी समीक्षा करते हुए लक्ष्य प्राप्ति में कोई शिथिलता न बरतें।
अंत में डॉ. वर्मा ने सभी चिकित्सकों एवं स्वास्थ्यकर्मियों से सेवा भावना और पूर्ण समर्पण के साथ कार्य करने का आह्वान करते हुए जनपदवासियों से अपने 0 से 5 वर्ष तक के सभी बच्चों को पोलियो की खुराक अवश्य पिलाने की अपील की।